यूपी विधानसभा में सत्र के दूसरे दिन अनुपूरक बजट पेश किया गया

डिजिटल डेस्क, लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानमंडल के मॉनसून सत्र के दूसरे दिन यूपी विधानसभा मानसून सत्र के दौरान राजनीतिक माहौल काफी गर्म रहा। योगी सरकार द्वारा अनुपूरक बजट पेश किए जाने से पहले समाजवादी पार्टी ने विधानसभा परिसर के बाहर प्रदर्शन किया।
वहीं सदन के भीतर राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर विपक्ष ने चर्चा की मांग करते हुए हंगामा किया, जिसके चलते विधानसभा की कार्यवाही कुछ समय के लिए स्थगित करनी पड़ी।
अनुपूरक बजट से पहले सपा का प्रदर्शन

यूपी विधानसभा मानसून सत्र के दूसरे दिन समाजवादी पार्टी के विधायक वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव के नेतृत्व में विधानसभा गेट पर एकत्र हुए। इस दौरान विपक्षी विधायकों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और विभिन्न मुद्दों पर विरोध दर्ज कराया।
प्रदर्शन के दौरान शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी का आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार मूल बजट का पूरा उपयोग नहीं कर पाई है, इसके बावजूद अनुपूरक बजट लेकर आई है। विपक्ष ने इसे वित्तीय प्रबंधन से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा बताते हुए सरकार को घेरने की कोशिश की।
राम मंदिर चढ़ावा मामले पर सदन में हंगामा

यूपी विधानसभा मानसून सत्र के दौरान विधानसभा की कार्यवाही शुरू होते ही समाजवादी पार्टी के विधायक अयोध्या के राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी के मामले को लेकर आक्रामक हो गए। विपक्ष ने इस मुद्दे पर तत्काल चर्चा कराने की मांग उठाई।
विपक्षी सदस्यों ने सरकार से जवाब मांगते हुए नारेबाजी की। उनका कहना था कि मामले की गंभीरता को देखते हुए इस पर सदन में चर्चा होनी चाहिए। लगातार विरोध के कारण सदन का माहौल तनावपूर्ण बना रहा और कार्यवाही सामान्य रूप से नहीं चल सकी।
स्पीकर की टिप्पणी के बाद भी जारी रहा विरोध

हंगामे के बीच विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने विपक्ष को संबोधित करते हुए कहा कि “जिसने चंदा दिया हो, वह रसीद लेकर आए।”
हालांकि अध्यक्ष की इस टिप्पणी के बाद भी विपक्ष अपने रुख पर कायम रहा। समाजवादी पार्टी के विधायक चर्चा की मांग पर अड़े रहे और विरोध प्रदर्शन जारी रखा। बढ़ते हंगामे को देखते हुए विधानसभा की कार्यवाही दोपहर 12:20 बजे तक स्थगित करनी पड़ी।
राजनीतिक जानकारों के अनुसार, यूपी विधानसभा मानसून सत्र में विपक्ष अनुपूरक बजट सहित कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की रणनीति पर काम कर रहा है।
सत्ता पक्ष ने विपक्ष को ठहराया जिम्मेदार
सदन की कार्यवाही बाधित होने के बाद सत्ता पक्ष ने विपक्ष की भूमिका पर सवाल उठाए। परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने कहा कि समाजवादी पार्टी बिना वजह विधानसभा की कार्यवाही में व्यवधान पैदा कर रही है।
उन्होंने कहा कि राम मंदिर चढ़ावा चोरी के कथित मामले पर सदन में चर्चा की मांग उचित नहीं है। उनके अनुसार विपक्ष राजनीतिक लाभ के लिए इस मुद्दे को बढ़ा-चढ़ाकर पेश कर रहा है, जबकि सरकार चाहती है कि सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चले और विधायी कार्य पूरे किए जाएं।
आगे क्या रहेगा राजनीतिक फोकस?
यूपी विधानसभा मानसून सत्र के आगामी दिनों में अनुपूरक बजट पर चर्चा और विभिन्न राजनीतिक मुद्दों पर सत्ता पक्ष तथा विपक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिल सकती है। दूसरे दिन की कार्यवाही ने यह संकेत दे दिया है कि सत्र के शेष दिनों में भी राजनीतिक टकराव जारी रहने की संभावना है।
विपक्ष राम मंदिर चंदा चोरी के मुद्दे को गरमाए रखना चाहता है जबकि सत्ता पक्ष विपक्ष पर सदन की कार्रवाई बाधित होने के आरोप लगा रहा है। जैसे-जैसे चुनाव नज़दीक आएंगे वैसे-वैसे सियासी गलियारा अपनी गर्माहट का अहसास कराता रहेगा। अब देखना होगा कि विपक्ष इस मुद्दे को कितना भुना पाता है। (Amar Bharti)
एक नज़र इन पर भी डालें
पश्चिम बंगाल STF जांच में 5 नए एंगल, हनी ट्रैप से लेकर सोशल मीडिया नेटवर्क तक जांच तेज
1 साल में खत्म हो सकते हैं मुकदमे! CJI सूर्यकांत ने बताए 4 बड़े फॉर्मूले