सम्राट चौधरी का नाम चर्चा में, पटना BJP ऑफिस के बाहर पोस्टर लगे

पटना/नई दिल्ली, 9 अप्रैल 2026: बिहार की राजनीति में बड़े बदलाव का संकेत देते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज दोपहर पटना से दिल्ली के लिए रवाना हो गए। वे कल यानी 10 अप्रैल 2026 को दोपहर 12:15 बजे राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेंगे। नीतीश कुमार दोपहर 1:20 बजे एयर इंडिया की फ्लाइट से दिल्ली पहुंचे। उनके साथ JDU के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा और अन्य नेता भी दिल्ली पहुंचे। दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से उनकी मुलाकात की बात कही गई.
दिल्ली पहुंचने के बाद नीतीश कुमार का बड़ा बयान
“मैंने बिहार में बहुत समय तक काम किया है। अब दिल्ली में नई जिम्मेदारी निभाऊंगा। नई सरकार को मेरा मार्गदर्शन मिलता रहेगा। नीतीश कुमार की यह यात्रा बिहार में लंबे समय से चल रही अटकलों को हकीकत की ओर ले जा रही है।
मार्च 2026 में राज्यसभा चुनाव जीतने के बाद उन्होंने विधान परिषद की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था। अब राज्यसभा शपथ लेने के बाद वे मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने की तैयारी में हैं।
कब देंगे नीतीश इस्तीफा
सूत्रों के अनुसार, नीतीश कुमार 14 अप्रैल के आसपास पटना लौटकर मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे सकते हैं। इसके तुरंत बाद NDA की बैठक में नया मुख्यमंत्री चुना जाएगा। संभावना है कि नई सरकार 15 अप्रैल तक बन जाए।
नया CM कौन?
NDA के अंदर सम्राट चौधरी (वर्तमान डिप्टी सीएम और BJP नेता) का नाम सबसे मजबूत दावेदार माना जा रहा है। पटना में BJP कार्यालय के बाहर उनके समर्थन में पोस्टर भी लग चुके हैं। अन्य नामों में नित्यानंद राय और JDU से निशांत कुमार (नीतीश कुमार के बेटे) की भी चर्चा है, लेकिन सम्राट चौधरी पर सबसे ज्यादा सहमति दिख रही है। यह पहला मौका होगा जब बिहार में BJP का कोई नेता मुख्यमंत्री बनेगा। नीतीश कुमार ने कहा है कि नई सरकार को उनका पूरा समर्थन रहेगा।
राजनीतिक महत्व
नीतीश कुमार अब तक 10 बार बिहार के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। राज्यसभा जाने के बाद वे संसद के दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) और बिहार विधानसभा-विधान परिषद — सभी चारों सदनों के सदस्य बन जाएंगे। यह उनके राजनीतिक करियर में अनोखा कीर्तिमान होगा। विपक्षी दल RJD ने इस घटनाक्रम पर तंज कसा है और कहा है कि “नीतीश की कुर्सी एक-दो दिन में छिन जाएगी”।
आगे क्या?
शुक्रवार को शपथ ग्रहण के बाद नीतीश कुमार शाम को पटना लौट सकते हैं। NDA की बैठक में नई सरकार के गठन और मंत्रिमंडल विस्तार पर चर्चा होगी। नीतीश कुमार भविष्य में केंद्र की राजनीति में भी सक्रिय भूमिका निभा सकते हैं।
फिलहाल बिहार के राजनीतिक गलियारों में इसे एक युग का अंत और नए युग की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है। सत्ता परिवर्तन शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से होने की उम्मीद है।