नाशिक से शुरू हुआ डिजिटल लीक, सिकर में ऑपरेशनल, NTA ने माना: परीक्षा की विश्वसनीयता प्रभावित

नई दिल्ली, 13मई 2026: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने 3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG 2026 परीक्षा को पूरी तरह रद्द कर दिया है। कथित पेपर लीक और बड़े पैमाने पर अनियमितताओं के आरोपों के बाद लिया गया यह फैसला देशभर के लगभग 22.8 लाख छात्र-छात्राओं के भविष्य को सीधे प्रभावित कर रहा है।
सरकार ने मामले की गहन जांच सीबीआई को सौंप दी है और एजेंसी ने पहले ही प्राथमिकी दर्ज कर पूरे देश में छापेमारी शुरू कर दी है।परीक्षा के तुरंत बाद राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप को एक गेस पेपर मिला जिसमें असली पेपर के सैकड़ों सवाल पूरी तरह मैच कर रहे थे। सूत्रों के अनुसार 120 से 140 सवाल लीक हुए थे, जिसमें केमिस्ट्री सेक्शन लगभग पूरा शामिल था।
लीक का नेटवर्क नाशिक, जयपुर, सिकर, महाराष्ट्र, हरियाणा, बिहार और केरल तक फैला हुआ पाया गया है। कोचिंग सेंटरों, प्रिंटिंग प्रेस और कुछ MBBS छात्रों के इस रैकेट में शामिल होने की जानकारी सामने आई है। लीक पेपर को 5 हजार से 30 लाख रुपये तक में बेचा गया था।सीबीआई की जांच में अब तक कई गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। इस घोटाले ने एक बार फिर NTA की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
छात्रों और उनके परिवारों में गुस्सा है क्योंकि कई परिवारों ने आर्थिक कष्ट उठाकर बच्चों की तैयारी कराई थी। परीक्षा रद्द होने के बाद युवा कांग्रेस समेत कई छात्र संगठनों ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन शुरू कर दिए हैं। विपक्षी दलों ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग तेज कर दी है।
NTA ने छात्रों को राहत देते हुए घोषणा की है कि नई परीक्षा बिना किसी अतिरिक्त फीस के आयोजित की जाएगी। छात्रों की पहले जमा की गई फीस वापस कर दी जाएगी और 7 से 10 दिनों के अंदर नई परीक्षा तारीख घोषित कर दी जाएगी। NTA के अधिकारी ने कहा कि परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखना हमारा首要 कर्तव्य है और दोषियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।यह घटना 2024 के NEET घोटाले की याद दिलाती है। फिलहाल छात्र नई परीक्षा तारीख का इंतजार कर रहे हैं।
CBI की जांच से आगे और बड़े खुलासे होने की संभावना है। इस बीच छात्रों से अपील की गई है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखें और तैयारी जारी रखें।